• If you are trying to reset your account password then don't forget to check spam folder in your mailbox. Also Mark it as "not spam" or you won't be able to click on the link.

Serious _SHAAYAREE_

Niks96

A professional writer is amateur who didn't quit
3,851
4,735
159
Sab kuch hum unse keh gaye lekin ye ittefaq,
Kehne ki thi jo baat wahi dil mein reh gayi.


-Jaleel manakpuri
 
  • Like
Reactions: Aakash.

Niks96

A professional writer is amateur who didn't quit
3,851
4,735
159
उस को रुख़्सत तो किया था मुझे मालूम न था
सारा घर ले गया घर छोड़ के जाने वाला


- निदा फ़ाज़ली
 
  • Like
Reactions: Aakash.

Niks96

A professional writer is amateur who didn't quit
3,851
4,735
159
तन्हाइयों की आग में जलने के बाद भी ।
चाहा है तुझ को तेरे बदलने के बाद भी ।

लिपटी हुई है मुझ से तेरे जिस्म की महक ,
जाती नहीँ है कपड़े बदलने के बाद भी ।

- तनवीर ग़ाज़ी
 
  • Like
Reactions: Aakash.

Niks96

A professional writer is amateur who didn't quit
3,851
4,735
159
ज़मीन दी है तो थोड़ा सा आसमान भी दे

मेरे खुदा मेरे होने का कुछ गुमान भी दे

- निदा फ़ाज़ली
 
Last edited:
  • Like
Reactions: Aakash.

Niks96

A professional writer is amateur who didn't quit
3,851
4,735
159
ये तअल्लुक ये तेरी चाहतें बाकी रखना,
और दिल में वो मुलाकातें पुरानी रखना.

इत्तफाकन कभी मिल जाएं तो रख लेना भरम,
अपनी आँखों में मुहब्बत को छुपाई रखना.

हम बिछड़ जाएं तो फूलों को महक दे देना,
दिल की बगिया में हवाओं को सुहानी रखना.

शाम ढल जाएगी इस ज़िन्दगी में मिलने तक,
आँख कजरारी सी होंठों को गुलाबी रखना.

ज़ेरे अंजुम ये मेरा चाँद हवाले है तेरे,
आस्माँ इस पे तेरी नज़रें पराई रखना.


~अली हसनैन
 
  • Like
Reactions: Aakash.

Niks96

A professional writer is amateur who didn't quit
3,851
4,735
159
उसका वादा भी अजीब था
कि जिन्दगी भर साथ निभायेंगे ,
मैंने भी ये नहीं पूंछा की मोहब्बत के साथ या यादों के साथ…
 
  • Like
Reactions: Aakash.

Niks96

A professional writer is amateur who didn't quit
3,851
4,735
159
मौत सा मुक्कमल यहाँ वीराना रहता है
मरघट सा सन्नाटा यहाँ हर वक़्त रहता है,

ना जाने किसने इसको नाम दिया है महफ़िल का
यहाँ ज़बान होकर भी हर शक्स यूँ ही गूँगा बना रहता है !
 
  • Like
Reactions: Aakash.

Niks96

A professional writer is amateur who didn't quit
3,851
4,735
159
मस्ज़िद पे गिरता है
मन्दिर पे भी बरसता है..
ऐ बादल बता तेरा मज़हब कौन सा है.. !!

इमाम की तू प्यास बुझाये
पुजारी की भी तृष्णा मिटाये..
ऐ पानी बता तेरा मज़हब कौन सा है.. !!

मज़ारों की शान बढ़ाता है
मूर्तियों को भी सजाता है..
ऐ फ़ूल बता तेरा मज़हब कौन सा है.. !!

सारे जहाँ को रोशन करता है
सृष्टी को उजाला देता है..
ऐ सूरज बता तेरा मज़हब कौन सा है.. !!

मुस्लिम तुझ पे क़ब्र बनाता है
हिन्दू आख़िर तूझ में ही विलीन होता है..
ऐ मिट्टी बता तेरा मज़हब कौन सा है.. !!

ख़ुदा भी तू है
ईश्वर भी तू
पर आज बता ही दे
ऐ परवरदिगार ! तेरा मज़हब कौन सा है.. !!

ऐ दोस्त ! मज़हब से दूर हट कर, इन्सान बनो
क्योंकि इन्सानियत का कोई मज़हब नहीं होता..
 
  • Like
Reactions: Aakash.

Niks96

A professional writer is amateur who didn't quit
3,851
4,735
159
वाए ख़ुश-फ़हमी कि पर्वाज़-ए-यक़ीं से भी गए
आसमाँ छूने की ख़्वाहिश में ज़मीं से भी गए


~ज़फ़र कलीम
 
  • Like
Reactions: Aakash.

Niks96

A professional writer is amateur who didn't quit
3,851
4,735
159
रोज़ अच्छे नहीं लगते आँसू
ख़ास मौक़ों पे मज़ा देते हैं

~ मोहम्मद अल्वी
 
  • Like
Reactions: Aakash.
Top