मैं स्वाति हूँ… और काजल का हल्का पसीना जब उसकी skin पर चमकता है, तो वो दृश्य मेरी साँसें रोक देता है।
कल शाम जब हम दोनों कमरे में थे, हवा गर्म थी, और हम थोड़ी देर से एक-दूसरे को छू रहे थे। काजल का शरीर हल्के-हल्के पसीने से तर हो गया था। उसकी गर्दन पर छोटी-छोटी बूँदें चमक रही थीं, जैसे कोई हीरे की तरह। मैंने अपना चेहरा उसके गले के पास ले जाकर smell ली – वो नमकीन, गर्म, और पूरी तरह arousing खुशबू।
मैंने उँगली से उसकी गर्दन पर एक बूँद उठाई और अपनी जीभ पर रख ली।“काजल… तेरा हल्का पसीना… चमकता हुआ… इतना sexy लग रहा है,” मैंने फुसफुसाया।वो मुस्कुराई और अपना सिर पीछे झुका लिया, ताकि वो चमक और ज़्यादा दिखे।
मैंने अपना मुँह उसकी cleavage पर ले जाकर देखा – वहाँ भी पसीने की पतली layer चमक रही थी, जैसे कोई तेल लगा हो।मैंने जीभ निकाल कर सबसे ऊपर से चाटना शुरू किया। वो चमकती बूँदें मेरी जीभ पर फैल गईं, salty और मीठी।“आह… स्वाति… हाँ… मेरे पसीने को चाट… वो चमक तेरी जीभ पर लग रही है,” काजल कराह रही थी।मैंने और गहरा घुसाया, cleavage की दीवारों पर जीभ फेरी, हर चमकती बूँद को पीते हुए। उसकी skin गर्म थी, पसीना और ज़्यादा निकल रहा था, और वो चमक और तेज़ हो गई।
फिर मैं नीचे आई, उसकी sexy thighs पर।उसकी भीतरी thighs पर हल्का पसीना चमक रहा था – छोटी-छोटी बूँदें, जैसे मोती।मैंने अपना चेहरा वहाँ रगड़ा, वो चमक मेरे गालों पर महसूस हुई।“तेरी thighs पर ये हल्का पसीना… चमकता हुआ… मुझे पागल कर रहा है,” मैंने कहा और जीभ से एक लंबा चाटा मारा।बूँदें मेरे मुँह में घुल गईं, गर्म और नमकीन। काजल की कमर ऊपर उछल गई।“स्वाति… हाँ… मेरी thighs चाट… वो चमक वाली बूँदें पी ले… आह… और जोर से…”
मैंने दोनों thighs पर जीभ फेरी, हर चमकती बूँद को चाटा, कभी हल्के से काटा। पसीना और उसकी arousal की smell मिलकर एक नशा बन गया था।वो काँप रही थी, thighs मेरे चेहरे पर दबा रही थी, और पसीना और ज़्यादा चमक रहा था।“स्वाति… मैं geeli हो गई हूँ… तेरी वजह से… ये पसीना… चमक… सब तेरे लिए…”
मैंने उसकी thighs के बीच अपना मुँह रखा, चाटते हुए, और वो चमकती skin को और ज़्यादा गीला कर दिया।जब वो झड़ने लगी, उसका पसीना और तेज़ चमकने लगा – जैसे पूरा शरीर glow कर रहा हो।वो चीखी, “स्वाति… आह… हाँ…!” और मेरे मुँह में आ गई।
फिर हम दोनों लेट गए, उसका हल्का पसीना अभी भी चमक रहा था।मैंने उसकी skin पर हाथ फेरा, वो चमक महसूस की, और कहा,“काजल… तेरा ये हल्का पसीना चमकता हुआ… मैं इसे देखकर ही फिर से भूखी हो जाती हूँ।”
और रात अभी बाकी थी… वो चमक अभी भी मेरे मन में है। ❤